बैतूल। कलयुग दोषों का खजाना है, परन्तु इसमें एक बहु बड़ा गुण है। वह यह कि कलयुग में भगवान श्री कृष्ण के कीर्तन से ही सारी मोह माया छूट जाती है। और परमात्मा की प्राप्ति होती है। उक्त उद्गार पंडित सुखदेव शर्मा ने युवा साहू समाज सेवा संगठन के तत्वाधान में आयोजित श्रीमद भागवत पुराण के अवसर पर रामलीला मैदान में व्यक्त किए। श्री शर्मा ने कहा कि सतयुग में समाधीरूप ध्यान योग से, त्रेता में बड़े यज्ञों से और द्वापर में विधि पूर्वक पूजा अर्चना के द्वारा भगवान की अराधना करने वाले को जो फल मिलता है वही कलयुग में केवल श्री हरि के नाम संकीर्तन से मिलता है। श्रीमद भागवत की अपार गहराई में डुबकी लगाकर इसमें से अपनी अभीष्ट वस्तु को प्राप्त करने में केवल ब्रह्मा विष्णु महेश ही समर्थ है दूसरे नहीं।
बुद्धिमान मनुष्यों के हित साधन करने के लिए व्यास जी ने परिक्षित और सुकदेव के संवाद के रूप में जिसका किया है। उसी का नाम श्रीमद भागवत है। श्री शर्मा ने बताया कि प्रत्येक मनुष्य का कत्र्तव्य है कि वह दुर्गुणों का त्याग करे। स्वार्थ,लोभ, मोह, अहंकार आदि दानव आत्मा को घेरे रहते है। इनसे छुटकारा दृढ इच्छा शक्ति से ही मिलता है। मनुष्य अपने शरीर को सजाता सवांरता है। इन्द्रियों को तृप्त करने में लगा रहता है पर शरीर में विधमान आत्मा को भूल जाते है। वे नहीं जानते कि शरीर तो नश्वर है और आत्मा अमर है। मनुष्य शरीर के माध्यम से मुक्ति का द्वारा खुलता है।
आत्मा की पहचान करके सत्य मार्ग पर चल सकने की बुद्धि हमे मिल जाए तभी मानव जीवन की सार्थकता है। दुख का प्रमुख कारण मनुष्य का अज्ञान है इसलिए उसे ऊचें उठकर आत्म ज्ञान प्राप्त करना चाहिए इसी से सम्पूर्ण कामनांए शांत होती है। 25 दिसम्बर दिन मंगलवार को श्रीमदभागवत कथा के समापन के पश्चात साहु समाज का राष्ट्रीय युवक युवती परिचय सम्मेलन रामलीला मैदान बैतूल गंज में होगा।
श्रीमदभागवत कथा में आज :- युवा साहू समाज सेवा संगठन के तत्वाधान में आज 19 दिसम्बर मंगलवार को सृष्टि उत्पत्ति, हिरण्याक्ष वध, कपिल भगवान प्रकट पर पंडित सुखदेव शर्मा कथा वाचन करेंगे। सभी धर्म प्रेमियों से भागवत कथा श्रवण करने आने का आग्रह किया है।




















